रविवार, 14 सितंबर 2014

बड्ड दूर सॅ आएल छी,
आहाॅक शरणागत मैया...
.ल लिअ अपन कोरा मे,
 बड्ड हम थाकल छी मैया...
क दिअ अपन स्नेहक अमृत वर्षा,
भ जाएत जीनगी सुफल हमर मैया...

Pradhanmantri ke naam sandesh

आदरनिय प्रधानसेवक श्री नरेन्द्र मोदी जी...
.मैं सुचित करना चाहता हूँ कि बिहार राज्य के उतरी भाग जो प्राचीन काल से "मिथिला " नाम से विख्यात है और जहाँ सिद्ध महापुरूष और विद्वानो ने जन्म लिया, जहाँ सीता जैसी बेटी का जन्म हुआ और ये क्षेत्र सदैव अपनी विद्वता, सभ्यता, संस्कृति एवं मृदुल भाषा के लिए जगजाहीर रहा, आज ये क्षेत्र बिहार राज्य मे होने के कारण खतरे मे है । राज्यसरकार की उदासीनता और सौतेला व्यवहार इस क्षेत्र के लिए अभिषाप बन गया है । प्राचीन भाषा और सभ्यता विलुप्त होने के कगार पर है । इसे बचाने के लिए मिथिलावाशी को स्वराज चाहिए । अतः श्रीमान से निवेदन है कि मिथिलावाशी के कष्ट को समझते हुए हमे अलग मिथिला राज्य दे ।
 निवेदकः मिथिलावाशी

sansar banal bazar

ई संसार बइन गेल अछि बजार
जतअ बिकाइत अछि सभ किछु
सर-सम्बन्ध स्नेह -दुलार....
एहि बजारक एक नियम
तोल-मोल जोर-घटाव...
भाव के नहि कोनो भाउ....
एहि बजारक प्रतिस्प॔धा मे
जीनगीक रफ्तार भागम भाग
कमाएब मुदा भोग नहि....
एहि बजारू संसार मे जीबअ लेल
सीखअ परत तिकरमबाजी
गंजा के बेचअ परत कंघी.....

Paeen

पाइन रौ पाइन
तोहर बाइन नहि जाइन
कतौ अकाले प्यासे मरै
गाछ- वृक्ष माल -जाल
कतौ तूं तांडव करैछ
बहा ल जाइत छ सभ किछु...
तोरे सॅ जीवित अछि जीबन
तोरे बिनु निष्प्राण अछि कतेकों जीबन
तोहर कतेकों रूप कतेकों रंग .......

गुरुवार, 17 जुलाई 2014

कहिया तैक ओ रुसल रहती
बिनु बात टूटल रहती

vyang

हे !!! 
हम एकौ मिसीया कम नहि छी..
जँ आहाँ चाइरटा सुनाएब ,
त हम चालीसा गाएब....
हे!!!
जँ आहाँ बुझैत होइ ,
अहीँक बोली अछि बीखगर,
त हमरो बोली अछि .
लौँगीया मिरचाइ सन तिखगर....

रविवार, 22 जून 2014

मिथिला राज्य आन्दोलन के
भेंट रहल अछि नित्य नव आयाम